मंदिर बाबर के आदेश पर गिराया गया था, इसका क्या है सबूत: सुप्रीम कोर्ट

  • रामलला के वकील ने पुराण और इतिहास का भी दिया उदाहरण

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क

नई दिल्ली। रामजन्मभूमि-बाबरी मस्जिद विवाद पर सुप्रीम कोर्ट में रोजाना सुनवाई जारी है। रामलला की ओर से वकील सीएस वैद्यनाथन ने कोर्ट के सामने अपनी दलीलें रखीं। सुनवाई के दौरान जस्टिस बोबडे ने पूछा कि इस जगह को बाबरी मस्जिद कब से कहना शुरू किया गया? रामलला के वकील ने इसपर जवाब दिया कि 19वीं सदी में, उससे पहले इसके कोई साक्ष्य नहीं हैं। इस पर जस्टिस ने पूछा कि इसका क्या सबूत है कि बाबर ने ही मस्जिद बनाने का आदेश दिया था। क्या इसका कोई सबूत है कि मंदिर को बाबर या उसके जनरल के आदेश के बाद ढहाया गया था।
रामलला के वकील ने कहा कि मंदिर को किसने ढहाया इस पर कई तरह के तथ्य हैं, लेकिन ये तय है कि इसे 1786 से पहले गिराया गया था। इसके पहले वकील ने स्कन्द पुराण का जिक्र किया। इस पर जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ ने कहा कि आप जिन शब्दों का जिक्र कर रहे हैं, उनमें रामजन्मभूमि के दर्शन का जिक्र है। इसमें किसी देवता का जिक्र नहीं है। इस पर वकील ने कहा कि रामजन्मभूमि ही अपने आप में देवता है। वकील ने दलील दी कि अयोध्या में जब बौद्धों का राज था, तभी से शहर का पतन शुरू हुआ। कई लोगों ने इस स्थान को खराब किया। हिंदुओं की मुख्य जगहों पर तीन मस्जिदें बनाई गईं। जिनमें से एक रामजन्मभूमि था। इस दौरान उन्होंने पुरातत्व विभाग की 1863, 1864, 1865 की रिपोर्ट भी पढ़ी। इसमें चीनी स्कॉलर फाह्यïान के द्वारा राम की नगरी अयुता में आने का जिक्र है। राजा विक्रमादित्य ने अयोध्या में 368 मंदिर बनवाए, जिसमें रामजन्मभूमि पर बनाया गया मंदिर भी शामिल है। वकील वैद्यनाथन ने ब्रिटिश सर्वाईवर मार्टिन के स्केच का जिक्र किया, जिसमें 1838 के दौरान मंदिर के पिलर दिखाए गए थे। रिपोर्ट में दावा किया गया कि रामजन्मभूमि पर मंदिर ईसा मसीह के जन्म से 57 साल पहले बना था। हिंदुओं का मानना है कि मुगलों के द्वारा मंदिर को तोड़ा गया।

केंद्र व दिल्ली सरकार की मिलीभगत से गिराया गया संत रविदास मंदिर: माया

  • दोनों सरकारें अपने खर्च से बनाएं मंदिर

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। दिल्ली विकास प्राधिकरण द्वारा दिल्ली के तुगलकाबाद में संत रविदास मंदिर ढहाने के बाद राजनीति गर्म हो गई है। बसपा प्रमुख मायावती ने ट्वीट कर कहा है कि संत रविदास मंदिर केंद्र और दिल्ली सरकार की मिलीभगत से गिरवाये जाने का बसपा सख्त विरोध करती है।
बसपा प्रमुख मायावती ने कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि इससे इनकी आज भी हमारे संतों के प्रति हीन व जातिवादी मानसिकता साफ झलकती है। बसपा की मांग है कि इस मामले में ये दोनों सरकारें बीच का रास्ता निकाल कर अब अपने खर्च से मंदिर का पुन: निर्माण करवाएं।

नीरज शेखर ने दाखिल किया नामांकन

  • मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी रहे मौजूद

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। पूर्व सांसद नीरज शेखर ने आज राज्यसभा के लिए नामांकन पत्र दाखिल किया। इस मौके पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्रदेव सिंह समेत कई मंत्री और नेता मौजूद रहे। आज नीरज शेखर दोपहर विधान सभा पहुंचे और राज्यसभा के लिए नामांकन पत्र भरा। पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर के पुत्र नीरज शेखर हाल ही में राज्यसभा और सपा की सदस्यता से इस्तीफा देकर भाजपा में शामिल हुए हैं। नीरज शेखर लंबे समय से समाजवादी पार्टी से जुड़े थे। लोकसभा चुनाव में सपा मुखिया अखिलेश यादव द्वारा टिकट न दिए जाने से नाराज नीरज ने राज्यसभा से इस्तीफा देते हुए हाल ही में भाजपा ज्वाइन कर ली थी।

रक्षाबंधन पर बाजार गुलजार, कल भाई की कलाई पर राखी बांधेंगी बहनें

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
सीआरपीएफ कैंप बिजनौर में रक्षाबंधन पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस मौके पर जेपी कान्वेंट स्कूल की छात्राओं ने सुरक्षा बलों के अधिकारियों व जवानों को राखाी बांधी। इस मौके पर सेकेंड इन कमांडेंट दीपक, असिस्टेंट कमांडर विकास, डिप्टी कमांडेंट सुरविंदर सिंह, डिप्टी कमांडेंट सिद्धार्थ कुमार और जेपी कन्वेंट स्कूल की प्रिंसिपल मेघा अग्रवाल मौजूद रहीं। रक्षाबंधन के त्योहार पर राजधानी के प्रमुख बाजार गुलजार हंै। बहनें अपने भाइयों के लिए रंग-बिरंगी राखियां खरीद रही हैं। रक्षा बंधन एक ऐसा त्योहार है जब बहन भाई की कलाई पर प्यार का धागा बांधती है और भाई उन्हें रक्षा का वचन देते हैं। पूरे देश में रक्षाबंधन को लेकर उत्साह है।

निरीक्षण
जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने आज राजकीय बाल गृह (बालिका) मोतीनगर का औचक निरीक्षण किया।

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