बुलंदशहर में इंस्पेक्टर और लखनऊ में भाजपा नेता की हत्या ने खोली पुलिस के इकबाल की पोल

  • राजधानी पुलिस के अफसरों ने फिर कराई उत्तर प्रदेश सरकार की किरकिरी
  • प्रदेश की कानून व्यवस्था पर लगातार उठ रहे सवाल, विपक्ष भी हुआ हमलावर

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। बुलंदशहर में भीड़ की हिंसा में इंस्पेक्टर सुबोध कुमार की मौत और लखनऊ में भारतीय जनता युवा मोर्चा के नेता प्रत्यूष मणि त्रिपाठी की हत्या ने प्रदेश में पुलिस की इकबाल की पोल खोल दी है। बिगड़ती कानून व्यवस्था ने प्रदेश सरकार की किरकिरी कर दी है। इस मामले को लेकर विपक्ष सरकार पर हमलावर हो गया है।
बुलंदशहर के स्याना थाना क्षेत्र के गोकशी की आशंका पर हुए बवाल में इंस्पेक्टर सुबोध कुमार और एक युवक सुमित की मौत हो गई। करीब 400 लोगों की भीड़ ने चिंगरावठी पुलिस चौकी पहुंची। पुलिस ने भीड़ काबू पाने के लिए लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले छोड़े। जल्द ही फायरिंग होने लगी, जिसमें सुबोध कुमार घायल हो गए। अस्पताल ले जाते समय उनकी कार पर पथराव किया गया लेकिन पुलिस कुछ नहीं कर सकी। वहीं लखनऊ में भारतीय जनता युवा मोर्चा के नेता प्रत्यूष मणि त्रिपाठी के घर पर दबंगों ने हमला किया लेकिन पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी रही। हालांकि भाजपा नेता ने पुलिस से सुरक्षा की मांग की थी। इस मामले में लापरवाही बरतने पर इंस्पेक्टर कैसरबाग धीरेन्द्र कुमार कुशवाहा को सस्पेंड कर दिया गया है। आईजी सुजीत कुमार पांडेय ने निलंबन की पुष्टि की है। प्रत्यूष मणि त्रिपाठी की हत्या के मामले में पांच लोगों को नामजद किया गया है। नामजद लोगों ने सलमान, सीबू, अदनान, ध्रुव व रोहित सिंह शामिल हैं। भाजयुमो नेता की हत्या से नाराज होकर सैकड़ों लोगों ने ट्रामा सेंटर में बवाल काटा। इस मामलों को लेकर विपक्ष ने सरकार पर जमकर निशाना साधा है।

एटा पहुंचा शहीद इंस्पेक्टर सुबोध कुमार का शव
इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह की रोती-बिलखती बहन ने कहा है कि मेरा भाई अखलाक केस की जांच कर चुका है इसलिए साजिश के तहत उसकी हत्या की गई है। उसे शहीद घोषित किया जाना चाहिए और स्मारक बनाया जाना चाहिए। बुलंदशहर हिंसा में मारे गए इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह का शव एटा में उनके गांव लाया गया है, यहां उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।

प्रदेश में जंगलराज: मायावती
बसपा प्रमुख मायावती ने बुलंदशहर हिंसा और राजधानी में हुए भाजपा नेता की हत्या पर प्रदेश सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि यह प्रदेश सरकार की गलत व लापरवाह नीतियों का परिणाम है। विकास को तरस रहे यूपी में जंगलराज कायम है, जिसमें अब कानून के रखवाले भी बलि चढ़ रहे हैं।

हिंदू-मुस्लिम विवाद में मेरे पिता ने खोया जीवन: अभिषेक
बुलंदशहर में भीड़ की हिंसा में शहीद हुए पुलिसकर्मी सुबोध कुमार सिंह के बेटे अभिषेक ने कहा कि मेरे पिता चाहते थे कि मैं एक अच्छा नागरिक बनूं जो धर्म के नाम पर समाज में हिंसा को नहीं उकसाता हो। आज मेरे पिता ने इस हिंदू-मुस्लिम विवाद में अपना जीवन खो दिया, कल किसके पिता अपना जीवन खोएंगे?

पड़ोसी जिलों में अलर्ट सोशल मीडिया पर भी नजर
बुलंदशहर से सटे ग्रेटर नोएडा, जेवर और दनकौर में अलर्ट है। बुलंदशहर की ओर से आने वाली हर गाडिय़ों की चेकिंग की जा रही है। वहीं सोशल मीडिया पर भी नजर रखी जा रही है।

बुलंदशहर हिंसा का मुख्य आरोपी योगेश राज पकड़ से बाहर

लखनऊ। बुलंदशहर में गोकशी के शक में हुई हिंसा मामले में पुलिस ने चार लोगों को गिरफ्तार किया है। वहीं मुख्य आरोपी योगेश राज पकड़ से बाहर है। एसआईटी टीम भी जांच-पड़ताल के लिए मौके पर पहुंच गई है। बुलंदशहर में धारा 144 लागू हैं।
एडीजी एलओ आनंद कुमार ने बताया कि बुलंदशहर हिंसा मामले में दो अभियोग पंजीकृत किए गए हैं। गोकशी का मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस की 6 टीम लगतार दबिश दे रही हंै। वीडियो और फोटो के आधार पर गिरफ्तारी की जा रही है। जिस छात्र को गोली लगी है उसका पीएम किया जा रहा है बॉडी से बुलेट मिली है। चमन, रामबल, आशीष चौहान और सतीश को गिरफ्तार किया गया है। मुख्य आरोपी योगेश राज की गिरफ्तारी की कोशिश की जा रही है। जांच में बाद खुलासा होगा कि घटना के पीछे कौन है। योगेश राज का संबंध बजरंग दल से बताया जा रहा है। वह जिला संयोजक बताया जाता है।

योगी के नेतृत्व में प्रदेश ने स्थापित किए नए कीर्तिमान: रमन सिंह

  • छत्तीसगढ़ के सीएम ने यूपी के मुख्यमंत्री की तारीफ की
  • बड़ी कुर्बानी को तैयार रहें युवा

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
गोरखपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने युवाओं को नसीहत दी है कि वह महाराणा प्रताप के व्यक्तित्व व कृतित्व से प्रेरणा लेकर देश के लिए बड़ी कुर्बानी को तैयार हों।
गोरखपुर में महाराणा प्रताप इंटर कालेज परिसर में आयोजित महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद के संस्थापक सप्ताह समारोह के उद्घाटन समारोह में बतौर मुख्य अतिथि डॉ. रमन सिंह ने कहा कि योगी की अगुवाई में प्रदेश ने उपलब्धियों और ऊंचाइयों के नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। 22 करोड़ की जनसंख्या वाले प्रदेश में बड़ा परिवर्तन दिखाई देने लगा है। किसानों की दशा में सुधार हुआ है तो औद्योगीकरण को भी बढ़ावा मिला है। उन्होंने ने कहा कि कानून व्यवस्था में सुधार से प्रदेश नव निर्माण की राह में आगे बढ़ा है। उनका प्रयास देश के अन्य मुख्यमंत्रियों को सीख देने वाला है। अयोध्या से खुद को जोड़ते हुए डॉ. सिंह ने कहा कि वह भगवान राम के ननिहाल यानी माता कौशल्या की नगरी से आए हैं। ऐसे में उन्हें उत्तर प्रदेश में अपनेपन का अहसास हो रहा है। इस मौके पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी मौजूद रहे।

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