वाराणसी के बाद अब बस्ती में गिरा निर्माणाधीन फ्लाईओवर, भ्रष्टाचारियों को नहीं किसी का डर

  • चार लोग घायल, दो मलबे में फंसे, फ्लाईओवर गिरने से क्षेत्र में मचा हडक़ंप
  • मुख्यमंत्री ने राहत कार्य तेज करने के दिए निर्देश घटनास्थल पर पहुंचे आला अधिकारी

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। एक और फ्लाईओवर भ्रष्टïाचार का शिकार हो गया। इस बार निर्माणाधीन फ्लाईओवर बस्ती में धराशायी हुआ। इसके पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में एक फ्लाईओवर गिरने से डेढ़ दर्जन से अधिक लोगों की मौत हो गई थी। इस मामले में कड़ी कार्रवाई होने के बाद भी भ्रष्टïचारियों को कोई डर नहीं लग रहा है। ताजा मामले में बस्ती जिले के नजदीक फुटहिया में आज एनएच 28 पर दो साल से निर्माणाधीन फुटहिया फ्लाईओवर सुबह शटरिंग खोलते समय गिर गया। घटना में चार मजदूर घायल हो गए जबकि दो मलबे में फंसे हैं। घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है जबकि मलबे में दबे लोगों को निकालने के लिए बचाव कार्य जारी है। हादसे की सूचना पर डीएम, एसपी सहित अन्य अधिकारी मौके पर पहुंच गए हंै। फ्लाईओवर का काम 60 फीसदी पूरा हो चुका था। घटना की सूचना के तत्काल बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राहत कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं।
राष्ट्रीय राजमार्ग 28 पर नगर थाना क्षेत्र के फुटहिया चौराहे पर दो साल से फ्लाईओवर का निर्माण कराया जा रहा था। फ्लाईओवर का एक हिस्सा तकरीबन पूरा हो चुका था। दूसरे हिस्से में काम चल रहा था। आज सुबह 7.50 बजे के करीब आधा दर्जन मजदूर शटरिंग खोल रहे थे तभी अचानक एक साइड का फ्लाईओवर गिर गया। गिरा हिस्सा गोरखपुर की ओर जाने वाले लेन का है। हादसे के बाद अफरा-तफरी मच गई। हादसे की सूचना मिलते ही मौके पर जिलाधिकारी डा. राजशेखर, एसपी दिलीप कुमार, एडीएम आरडी पाडेय, एएसपी पंकज, सीओ सिटी आलोक सिंह, सीओ कलवारी अरविंद वर्मा, सीओ हरैया राहुल पांडेय सहित कई थानों की पुलिस फोर्स मौके पर पहुंच गई। हादसे में मजदूर धर्मेंद्र, सुरेश राय प्रदीप उर्फ बाबू शाह व एक अन्य घायल हो गए। सभी को जिला अस्पताल भिजवाया गया है। मलबे में फंसे दो मजदूरों को निकालने के लिए राहत कार्य तेज कर दिया गया है। हादसे के बाद डीएम ने बताया कि नेशनल हाईवे पर बैरियर लगाकर वाहनों को पास कराया जा रहा है। घटना से आसपास के क्षेत्रों में हडक़ंप मच गया है।
गौरतलब है कि 15 मई को वाराणसी में हुए फ्लाईओवर हादसे में 18 लोगों की मौत हो गई थी। योगी सरकार ने इसकी जांच के लिए एक विशेष कमेटी का गठन किया था। इसके अलावा हादसे का जिम्मेदार मानते हुए सेतु निगम के कई अफसरों पर भी कार्रवाई की गई थी। वाराणसी हादसे में जिम्मेदार 7 इंजीनियरों और एक ठेकेदार को पुलिस ने गिरफ्तार किया था।

  • 7.50 बजे के करीब हुआ हादसा
  • 4 मजदूर हादसे में हुए घायल 
  • 2 मजदूर मलबे में फंसे 
  • 60 फीसदी पूरा हो चुका था फ्लाईओवर के निर्माण का काम 

बस्ती की घटना दु:खद है। वाराणसी में इस तरह का हादसा हुआ था तो मुख्यमंत्री ने ठेकेदार से लेकर इंजीनियर तक पर सख्त कार्रवाई की थी। इस घटना की जांच होगी और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
-शलभमणि त्रिपाठी, प्रवक्ता, भाजपा

इस सरकार में यह पहला मामला नहीं है, इससे पहले वाराणसी में भी एक बड़ा हादसा हो चुका है। कमीशनखोरी की वजह से घटिया काम हो रहा है। भ्रष्टï ठेकेदारों और एजेंसियों को काम मिल रहा है। यह सरकार की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लगाता है।
-दीपक सिंह, एमएलसी, कांग्रेस

अखिलेश यादव ने किया ट्वीट
बस्ती में बन रहे नेशनल हाईवे के फ्लाईओवर गिरने से हताहत लोगों को सरकार तुरन्त राहत पहुंचाए। इस नाकाम सरकार में कोई काम नहीं हो रहा है और जो एक आध हो भी रहा है, उसकी ये दुर्दशा है। अब तो सरकार को अपने कामों की कमी व भ्रष्टïाचार की जांच के लिए कोई स्थायी आयोग ही बना देना चाहिए।

सिलिगुड़ी में भी गिरा पुल
पश्चिम बंगाल स्थित सिलिगुड़ी के गोलतुली इलाके में आज सुबह पुल गिर गया। यहां एनएच- 31डी रेलवे फ्लाईओवर का एक हिस्सा गिर गया। हालांकि इस हादसे में किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं है। गोलतुली इलाके में पुल गिरने की घटना का विरोध करते हुए इलाके के लोगों ने रास्ता जाम कर दिया है।

केएमसी को दिया गया था 397 करोड़ का ठेका
सडक़ परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने फ्लाईओवर के निर्माण का ठेका हैदराबाद की कंपनी केएमसी लिमिटेड को दिया था। पुल के निर्माण के लिए कम्पनी को 397 करोड़ का ठेका दिया गया था। हैदराबाद की इस कम्पनी ने यूपी की राजधानी लखनऊ की कंपनी विजय कांस्ट्रक्शन प्रा.लिमिटेड को बस्ती फ्लाईओवर का ठेका दिया था।

लोक कल्याण मित्र की नियुक्ति सरकारी धन का दुरुपयोग: मायावती

  • शिलान्यास कर जनता को भ्रमित कर रही है सरकार

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। बसपा प्रमुख मायावती ने एक बार फिर प्रदेश की योगी सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने भाजपा सरकार द्वारा सरकारी योजनाओं और कार्यक्रमों के प्रचार-प्रसार व फीडबैक के लिए लोक कल्याण मित्र की नियुक्ति करने के फैसले को सरकारी धन का दुरुपयोग बताया है।
बसपा प्रमुख ने कहा कि यह सरकार की विफलता है कि प्रचार-प्रसार में अरबों खर्च करने के बाद भी लोगों को योजनाओं की जानकारी नहीं हो पा रही है। प्रदेश पिछड़ता जा रहा है। सरकारों को शिलान्यास करके केवल जनता को भ्रमित नहीं करना चाहिए।

भाजपा कार्यसमिति की बैठक के बाहर वकीलों का प्रदर्शन

  • मेरठ में प्रदर्शनकारी अधिवक्ताओं को किया गया गिरफ्तार, तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने शाह का किया विरोध

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर यूपी के मेरठ में भाजपा प्रदेश कार्यसमिति की बैठक हो रही है। इस दौरान पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अधिवक्ताओं ने मेरठ में अलग हाईकोर्ट के बेंच की मांग करते हुए हंगामा कर दिया। पुलिस ने हंगामा कर रहे अधिवक्ताओं को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं पश्चिम बंगाल में भाजपा अध्यक्ष अमित शाह का तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने विरोध किया और पुतले फूंके।
भाजपा प्रदेश कार्यसमिति की दो दिवसीय बैठक आज मेरठ के सुभारती विश्वविद्यालय स्थित मातादीन वाल्मीकि परिसर में शुरू हुई। बैठक में केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शिरकत कर रहे हैं। बैठक शुरू होने के पहले अधिवक्ताओं ने जमकर हंगामा किया और मेरठ में हाईकोर्ट की एक बेंच की स्थापना की मांग की।

Pin It