दस दिन पहले डॉन की पत्नी ने कहा था STF का एक बड़ा अफसर कर रहा है साजिश और आज जेल में मार दिया गया मुन्ना बजरंगी

  • झगड़े के बाद बागपत जेल में कुख्यात सुनील राठी ने मारी गोली न्यायिक जांच के आदेश
  • सीएम योगी आदित्यनाथ के आदेश पर जेलर, डिप्टी जेलर समेत चार जेलकर्मी निलंबित
  • चार डॉक्टरों का पैनल करेगा पोस्ट मार्टम मुन्ना बजंरगी पर दर्ज हैं दर्जनों संगीन वारदातें

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। माफिया डॉन मुन्ना बजरंगी की पत्नी सीमा सिंह की आशंका आज सच साबित हो गई। दस दिन पहले उन्होंने मुन्ना बजरंगी की हत्या की आशंका जताई थी और एसटीएफ के एक बड़े अफसर पर इसकी साजिश रचने का आरोप लगाया था। मुन्ना बंजरगी को आज बागपत जेल में गोलियों से छलनी कर दिया गया। इस मामले में जेलर और डिप्टी जेलर समेत चार जेल कर्मियों को निलंबित कर दिया गया। पूरे मामले की न्यायिक जांच के आदेश दिए गए हैं। गाजीपुर से भाजपा विधायक रहे कृष्णानंद राय की हत्या मामले में झांसी जेल में बंद मुन्ना बजरंगी को एक अन्य मामले में पेशी के लिए रविवार को बागपत जेल लाया गया था। पुलिस के मुताबिक मुन्ना बजंरगी को सुनील राठी ने गोली मारी और हथियार को गटर में फेंक दिया। कुछ दिन पहले गोमती नगर में मुन्ना के करीबी तारिक की हत्या कर दी गई थी। नामजद अभियुक्त एसटीएफ के एक बड़े अफसर के नजदीकी हैं।
एडीजी जेल चंद्र प्रकाश ने बताया कि आज सुबह बागपत जेल के अंदर झगड़े के दौरान मुन्ना बजरंगी को गोली मारी गई। गोली सुनील राठी ने मारी। घटना जेल की सुरक्षा में गंभीर चूक है। पूरी घटना की न्यायिक जांच होगी। चार डॉक्टरों का पैनल पोस्टमार्टम करेगा, जिसकी वीडियो रिकॉर्डिंग की जाएगी। इस मामले में जेलर उदय प्रताप, डिप्टी जेलर शिवाजी यादव, हेड वार्डन रजिंदर सिंह और वार्डेन माधव कुमार को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग को इसकी जानकारी दे दी गई है। पोस्टमॉर्टम एनएचआरसी के दिशा-निर्देश के आधार पर भी किया जाएगा। पूरे मामले की जांच के लिए टीमें पहुंच चुकी हैं। गौरतलब है कि मुन्ना बजरंगी की आज बागपत कोर्ट में बसपा के पूर्व विधायक लोकेश दीक्षित से रंगदारी मांगने के मामले में पेशी थी। प्रेम प्रकाश सिंह उर्फ मुन्ना बजरंगी को मई में झांसी जेल भेजा गया था। माफिया डॉन मुन्ना बजरंगी का असली नाम प्रेम प्रकाश सिंह है और उसके नाम से पूर्वांचल कांपता था।

पत्नी सीमा सिंह ने जताई थी हत्या की आशंका

सात लाख के इनामी मुन्ना बजरंगी की पत्नी सीमा सिंह ने 29 जून को पति की हत्या की आशंका जाहिर की थी। सीमा सिंह ने दावा किया था कि उत्तर प्रदेश की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) मुन्ना बजरंगी को मुठभेड़ में ढेर करने की फिराक में है। उन्होंने एसटीएफ पर गंभीर आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से सुरक्षा की गुहार लगाई थी। मुन्ना की पत्नी ने एनकाउंटर का भी अंदेशा जताया था। सीमा ने कहा था कि झांसी जेल में मुन्ना बजरंगी के ऊपर जानलेवा हमला किया गया था। कुछ प्रभावशाली नेता और अधिकारी मुन्ना की हत्या करने का षड्यंत्र रच रहे हैं। सीमा सिंह ने कहा था कि एसटीएफ में तैनात एक अधिकारी के इशारे पर ऐसा हो रहा है। इस अफसर के कहने पर ही जेल में बजरंगी को खाने में जहर देने की कोशिश तक की गई। इसके अलावा उन्होंने ढाई साल पहले विकासनगर में पुष्पजीत सिंह व गोमतीनगर में हुए तारिक हत्याकांड में शामिल शूटरों को सत्ता व पुलिस अधिकारियों का संरक्षण मिलने का आरोप भी मढ़ा था।

विपक्ष ने कानून व्यवस्था पर उठाए सवाल

भाजपा शासित राज्यों में कानून व्यवस्था ध्वस्त हो चुकी है। कोई भी न तो घर न सडक़ और न ही जेल में सुरक्षित है।
-प्रमोद तिवारी, कांग्रेस नेता

यूपी में कानून व्यवस्था नाम की चीज नहीं बची है। कहीं थाने में दरोगा की चाकुओं से गोदकर हत्या कर दी जाती है तो कहीं सिपाही को मार दिया जाता है। अब जेल के हाई सिक्योरिटी जोन में हत्या कर दी गई। भाजपा सरकार चलाने में नाकाम साबित हो चुकी है। इन मुद्दों को सदन में उठाया जाएगा।
-नरेश उत्तम, प्रदेश अध्यक्ष, सपा

हर तरफ अराजकता व्याप्त हो गई है। जेल में खुलेआम एक कैदी की गोली मारकर हत्या कर दी जाती है। बाहर भी कोई सुरक्षित नहीं है। इस मामले में निष्पक्ष जांच हो और पूरे मामले का जल्द खुलासा हो।
-वैभव माहेश्वरी, प्रवक्ता आप

सुनील राठी का आपराधिक सफर

बागपत जिले के टिकरी गांव निवासी सुनील राठी के पिता चेयरमैन थे। बाद में इसकी माता भी चेयरमैन बनी। उसके चाचा से चेयरमैन चुनाव को लेकर खूनी रंजिश हुई और इसी घटना के बाद सुनील राठी ने अपराध जगत में कदम रखा। उत्तराखंड में सरिया व्यापारी की उसी के कारखाने में हत्या का भी सुनील राठी पर आरोप लगा। जेल में रहते हुए एक एडवोकेट महिला से इसने शादी की। इसकी एक बेटी भी है। चार माह पूर्व ही उत्तराखंड जेल से सुनील राठी को बागपत कारागार में शिफ्ट किया गया था। सुनील के खिलाफ 50 से अधिक हत्या, अपहरण, डकैती व रंगदारी जैसे संगीन अपराधों के मामले दर्ज हैं।

दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा: योगी
मुरादाबाद के दो दिन के दौरे पर आए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को जैसे ही माफिया डॉन मुन्ना बजरंगी की जेल में हत्या की सूचना मिली, उनका पारा चढ़ गया। उन्होंने जिम्मेदार अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश प्रमुख सचिव गृह अरविंद कुमार एवं डीजीपी ओपी सिंह को दिया। उन्होंने कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।

 

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