श्रीनगर में अस्पताल पर आतंकी हमला साथी आतंकी को छुड़ा ले गए हमलावर, एक पुलिसकर्मी शहीद

  • कुछ आतंकियों का मेडिकल चेकअप कराने के लिए अस्पताल ले आई थी पुलिस
  • अस्पताल के अंदर ही आतंकियों ने पुलिसवालों पर की फायरिंग

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
जम्मू । श्रीनगर के महाराजा हरि सिंह अस्पताल में आतंकियों ने गिरफ्तार किए गए पाकिस्तानी आतंकी नावेद उर्फ अबु हंजुला को छुड़ाने के लिए आज हमला कर दिया। हमले में एक पुलिस का जवान शहीद हो गया, जबकि दो घायल हो गया। इस बीच, नावेद भी पुलिस की गिरफ्त से भागने में सफल रहा। सुरक्षाबलों ने पूरे क्षेत्र को घेर तलाशी अभियान चलाया है।

मिली जानकारी के अनुसार कुछ पुलिस के जवान सेंट्रल जेल से छह कैदियों को जांच के लिए एसएमएचएस अस्पताल की इमरजेंसी में लाए थे। इनमें दो आतंकी भी शामिल थे। अस्पताल लाये जाने वाले आतंकियों में अबु हंजुला शामिल था।
अबु हंजुला पाकिस्तान का नागरिक है। हंजुला को कुलगाम से गिरफ्तार किया गया था। आतंकियों ने अस्पताल के भीतर घुसकर पुलिस पर हमला किया। आतंकी यहां अपने साथी को छुड़ाने के लिए आए थे।

आतंकियों ने पुलिसवालों पर पीछे से हमला किया। अचानक गोलियां चलने की आवाज हुई, जिसमें दो पुलिसकर्मी घायल हो गए। इस दौरान एक की अस्पताल में मौत हो गई। हालांकि पुलिस और सेना ने इलाके में सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया है ताकि नावेद और उसके साथियों को पकड़ा जा सके।

कौन है अबु हंजुला उर्फ नावेद

साल 2015 में पुलिस ने लश्कर के आतंकी नावेद उर्फ अबु हंजुला को हिरासत में लिया था। उस पर उधमपुर में बीएसएफ के काफिले पर हमला करने का आरोप है। एजेंसियों का कहना है कि नावेद को अस्पताल ले जाने की जानकारी किसी ने लीक की, जिस कारण आतंकियों ने अस्पताल को निशाना बनाया और साथियों को छुड़ा ले गए। वहां पर पहले से ही दो से तीन आतंकी छुपे हुए थे, जो कि उसे छुड़ाने के लिए आए हुए थे। उन्होंने पुलिस कर्मियों पर गोलीबारी शुरू कर दी। वहीं, नावेद ने पुलिस कर्मी से ही उसकी राइफल छीन ली और गोली चलाकर भाग गया। जब तक पुलिस संभल पाती, आतंकी नावेद और हमलावर आतंकी वहां से भाग गए।

इन्वेस्टर्स समिट के नाम पर नियम कायदों को रखा गया ताक पर बिना टेंडर सीएम निवास के पास दर्जनों खंभों पर लगा दी एलईडी

  • कोलकाता की सडक़ों पर लगे खंभों की एलईडी देखकर लखनऊ में लगाने का ख्याल आया अफसरों को
  • नगर निगम के मार्ग प्रकाश विभाग का मामला

विनय अवस्थी
लखनऊ। इन्वेस्टर्स समिट की आड़ में नगर निगम में नियमों को दरकिनार कर काम किया जा रहा है। निगम अभियंताओं और ठेकेदारों की मिलीभगत से बिना टेंडर के कार्य बांटे जा रहे हैं। इन्वेस्टर्स समिट के नाम पर पहले नगर निगम के अभियंत्रण विभाग में बिना टेंडर के कार्य सौंप दिये गए और बाद में टेंडर किए गए। अब इसी तर्ज पर मार्ग प्रकाश विभाग में भी खेल शुरू हो गया है। इस मामले में नगर निगम के अफसर व अभियंता मामले की जानकारी से इंकार कर रहें हैं।
इन्दिरा गांधी प्रतिष्ठान में होने वाले यूपी इन्वेस्टर्स समिट के लिए तमाम सरकारी विभाग तैयारियों में जुटे हैं। इन्हीं तैयारियों के बीच नगर निगम के मार्ग प्रकाश विभाग में बिना टेंडर कार्य शुरू कर दिया गया है। नगर निगम की ओर से इन्दिरा गांधी प्रतिष्ठान तक की सडक़ों पर लगे 2575 एलईडी लाइट के खंभों पर एलईडी स्ट्रिप लगायी जानी है। ये लाइटें इन्दिरा गांधी प्रतिष्ठान को जोडऩे वाले मार्गों जिनमें शहीद पथ, वीआईपी गेस्ट हाउस समेत इन्दिरा गांधी प्रतिष्ठान की सडक़ें शामिल हैं। दरअसल निगम के अधिकारियों को कोलकाता की सडक़ों पर लगे खंभों की एलईडी देखकर लखनऊ में लगाने का ख्याल आया है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार मार्ग प्रकाश विभाग में इन कार्यों का टेंडर नहीं कराया गया हैं। विभाग में लगभग दस इलेक्ट्रॉनिक्स की फर्म रजिस्टर्ड हैं लेकिन एलईडी स्ट्रिप के लिए कोई टेंडर नहीं हुआ। बावजूद इसके कई जगह लाइटें लगाने का काम शुरू कर दिया गया।

इस मामले पर नगर निगम के अभियंताओं का कहना है कि फिलहाल सभी स्ट्रिप लाइटें मार्केट से बिना किसी शुल्क के मंगा ली गई हैं। इनके लिए विभाग की ओर से कोई बजट खर्च नहीं किया गया है। वहीं, निगम प्रशासन को भी इस मामले में कोई जानकारी नहीं है। ऐसे में मार्ग प्रकाश विभाग की कार्यप्रणाली सवालों के घेरे में दिख रही है। गौरतलब है कि 21 और 22 फरवरी को इन्वेस्टर्स समिट का कार्यक्रम आयोजित है।

कैसे काम किया जा रहा है इस बात की जानकारी मुझे नहीं है। अब मामला संज्ञान में आया है तो जानकारी लूंगा।
उदयराज सिंह, नगर आयुक्त

मुझे इस संबंध में कोई जानकारी नहीं है। मै चार दिन पूर्व तैनात हुआ हूं। मुझे इनवेस्टर्स समिट से संबंधित सभी कार्य निपटाने हैं।
कमलजीत सिंह, प्रभारी अधिकारी, मार्ग प्रकाश/आरआर विभाग

यह है नाकारा तंत्र… जिस कूड़ेदान का मंत्री उद्घाटन करने जा रहे हैं उसके नीचे पड़ी हैं बीयर की बोतलें

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। संसदीय कार्य एवं नगर विकास मंत्री सुरेश खन्ना आज हजरतगंज में गार्वेज एटीएम का लोकार्पण करने पहुंंचे थे लेकिन जिस एटीएम का उन्हें लोकार्पण करना था उसी के नीचे बीयर की बोतलें पड़ी थी। सामने बीयर की बोतलें दिख रही थीं लेकिन मौजूद अधिकारियों को इन्हें हटवाने का होश नहीं था।

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