आगरा जायेंगे सीएम योगी कहा: भारतीयों के खून-पसीने से बना है ताजमहल

भाजपा विधायक संगीत सोम के ताजमहल के बयान के बाद से सियासत तेज
सोम के बयान से भाजपा ने किया था किनारा, आज सीएम ने दिया जवाब

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। ताजमहल की ऐतिहासिकता पर जारी सियासी बयानबाजी के बीच उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 26 अक्टूबर को आगरा जा रहे हैं। सीएम योगी आदित्यनाथ 26 अक्टूबर को आगरा का दौरा करेंगे और अपने इस दौरे में वह ताजमहल भी देखने जाएंगे। सीएम आगरा में पर्यटन विभाग के एक कार्यक्रम में भी हिस्सा लेंगे।
गोरखपुर के 4 दिन के दौरे पर गए सीएम योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को ताजमहल विवाद पर कहा कि ये महत्व नहीं रखता कि इसका किसने और किन कारणों से निर्माण कराया? यह भारतीय मजदूरों के खून और पसीने से बनाया गया है। ताजमहल हमारे लिए बेहद महत्वपूर्ण है। खासतौर पर टूरिज्म के नजरिए से ये ज्यादा महत्व रखता है। वहां पर्यटकों के लिए सुविधाएं और सुरक्षा मुहैया कराने की जिम्मेदारी हमारी है।
आज मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में एक पुल का शिलान्यास करने के बाद संबोधित करते हुए कहा कि रोजगार के लिए बेरोजगार युवा बाहर जाते हैं। अब पूर्वांचल के नौजवानों को रोजगार के लिए मुंबई नहीं जाना पड़ेगा। सूरत में 15 हजार नौजवान पूर्वी उत्तर प्रदेश के हैं। हम असरदार कदम उठाएंगे जिससे कि युवाओं को गुजरात, महाराष्ट्र ना जाना पड़े।
सीएम योगी ने कहा कि ढेर सारी विकास योजनाएं सरकार चला रही है। सरकार ने किसानों, युवाओं को केन्द्रित करके योजनाएं शुरु की है। उन्होंने कहा कि सेतू के शिलान्यास के अवसर पर बधाई देता हूं। सेतुओं के निर्माण से लोगों को सुविधा होगी। गोरखपुर से मुख्यमंत्री योगी सूबे के कुशीनगर जिले में पहुंचे जहां उन्होंने जनपदवासियों को तकरीबन 22 करोड़ की योजनाओं की सौगात दी। इस मौके पर सीएम ने कहा कि अयोध्या को दुनिया के नक्शे पर लाएंगे। दुनिया जानेगी और अयोध्या देखेगी। हमे अवसर मिला है दुनिया को दिखाने के लिए और हम दुनिया को दिखाएंगे। अयोध्या हमारी आस्था-विरासत का प्रतीक है 

आधार नहीं तो राशन नहीं ‘भात-भात’ कहते 11 साल की बच्ची ने तोड़ा दम

परिवार की आर्थिक स्थिति दयनीय, मिड डे मील पर निर्भर थी बच्ची
पार्षद से लेकर कई लोगों से बच्ची की मां ने मदद की लगाई थी गुहार, लेकिन कोई नहीं आया आगे

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क

नई दिल्ली। झारखंड के सिमडेगा से एक बेहद हैरान करने वाली खबर सामने आई है, जहां एक परिवार के लिए आधार का राशन कार्ड से लिंक न होना भारी पड़ गया। सिमडेगा में 8 दिनों से भूखी 11 साल की एक बच्ची की मौत हो गई। राशन डीलर की दलील थी कि राशन कार्ड आधार नंबर से लिंक नहीं है, इसलिए अनाज नहीं मिल सकता। मामला सामने आने के बाद सूबे के खाद्य और आपूर्ति मंत्री ने मामले की जांच की बात कही है। जहां एक ओर हम डिजिटल इंडिया की बात करते हैं वहीं दूसरी ओर भूख से दम तोड़ती एक बच्ची की व्यथा झकझोर देती है।
मिली जानकारी के अनुसार संतोषी कुमारी नाम की एक लडक़ी ने 8 दिन से खाना नहीं खाया था, जिसके चलते बीते 28 सितंबर को भूख से उसकी मौत हो गई। परिवार को पीडीएस स्कीम के तहत गरीबों को मिलने वाला राशन पिछले कई महीनों से नहीं मिल पा रहा था। बच्ची की मां कोयला देवी ने बताया कि परिवार ने 4-5 दिनों से कुछ नहीं खाया था। जब उनसे पूछा गया कि क्या आपकी बच्ची स्कूल जाती है, क्या वहां उसे खाना नहीं मिला तो कोयला देवी ने बताया कि उसे स्कूल में खाना मिलता है लेकिन दुर्गा पूजा की छुट्टियों की वजह से स्कूल से खाना भी नहीं मिल पाया। कोयला देवी ने बताया कि वह वार्ड के पार्षद और मुखिया सहित कई लोगों से मदद मांगने गई लेकिन किसी ने मदद नहीं की। वह कई दिनों तक जंगलों में उगे पेचकी साग, गेठी, भाजी साग और करैला आदि खाकर रह रहे थे। संतोषी की मां ने बताया कि 28 सितंबर की दोपहर संतोषी ने पेट दर्द होने की शिकायत की। गांव के वैद्य ने कहा कि इसको भूख लगी है। खाना खिला दो, ठीक हो जाएगी। मेरे घर में चावल का एक दाना नहीं था। इधर संतोषी भी भात-भात कहकर रोने लगी थी। उसका हाथ-पैर अकडऩे लगा। शाम हुई तो मैंने घर में रखी चायपत्ती और नमक मिलाकर चाय बनायी। संतोषी को पिलाने की कोशिश की, लेकिन वह भूख से छटपटा रही थी। देखते ही देखते उसने दम तोड़ दिया।

भूखमरी के मामले में विश्व में भारत का 100 वां स्थान
ग्लोबल हंडर इंडेक्स रिपोर्ट के मुताबिक भुखमरी के मामलों में भारत की स्थिति और चिंताजनक बताई गई है। रिपोर्ट पर भरोसा करें तो भारत 100 नम्बर पर खिसक कर आ गया है। साथ ही भूखमरी के मामले में भारत को खतरनाक देशों की श्रेणी में रखा गया है। हालांकि पिछले छ: सालों में बच्चों में वेस्टेड यानी बेहद कमजोर होने की दर में गिरावट जरूर आई है। यहां भी ब्रिस्क देशों की तुलना में भारत की स्थिति नाजुक बनी हुई है। आंकड़ों पर भरोसा करें तो 5 साल से कम उम्र के बच्चों की मौत का आंकड़ा उच्च आय वाले देशों की तुलना में 7 गुना ज्यादा बताया गया है। अकेले भारत में वर्ष 2015 में 1.2 मिलियन मौतें हुईं हैं जो अपने आप हैरान कर देने वाले आंकड़े हैं।

धनतेरस के लिए सजे बाजार
आज धनतेरस के मौके पर बाजार गुलजार है। आभूषण बाजार, बर्तन बाजार से लेकर तरह-तरह के दिए-मोमबत्ती की दुकानें सजी है। पिछले साल धनतेरस पर लखनऊ में सवा दो सौ किलो सोने की खरीदारी हुई थी और इस बार बाजार इस रिकॉर्ड को तोडऩे के लिए तैयार है। मालूम हो कि ज्योति पर्व दीपावली के मौके पर धनतेरस के दिन सोने-चांदी की खरीदारी की परंपरा सदियों से चली आ रही है। धनतेरस पर सर्राफा बाजार में खास रौनक देखने को मिल रही है। लखनऊ में ढेरों नए ज्वेलरी ब्राण्ड्स बाजार में उतारे गए हैं। कहीं अश्योर्ड गिफ्ट्स तो कहीं डिस्काउंट्स धनतेरस पर खरीदारों को लुभा रहे हैं।

Pin It