रायबरेली-अमेठी में कांग्रेस को घेरने की कवायद

राहुल गांधी के निर्वाचन क्षेत्र में कांग्रेस जगदीशपुर, गौरीगंज और सलोन में दूसरे नंबर पर रही, जबकि तिलोई में तीसरे नंबर और अमेठी में कांग्रेस चौथे नंबर पर रही। अमेठी और रायबरेली की विधानसभा सीटों पर भाजपा की जीत के बाद अमित शाह ने प्रतिक्रिया व्यत की थी कि दस सीटों में से छह सीटों पर हमने बड़े अंतर से जीत हासिल की है, इससे हम बहुत खुश हैं।

कांग्रेस ने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के बेटे जय शाह की कंपनी को लेकर हमला क्या बोला भाजपा ने जबरदस्त पलटवार करते हुए विकास के मुद्दे पर पूरे नेहरू परिवार को लपेट लिया। अमित शाह के अमेठी दौरे से साफ हो गया है कि भाजपा ने कांग्रेस के युवराज राहुल गांधी को अमेठी में घेरने की पूरी तैयारी कर ली है।

अमेठी में मंगलवार को भाजपा का जमावड़ा रहा। ध्यान रहे कि अमेठी संसदीय सीट से राहुल गांधी सांसद हैं। पिछले लोकसभा चुनाव में राहुल गांधी के मुकाबले भाजपा ने स्मृति ईरानी को मैदान में उतारा था। स्मृति ईरानी चुनाव जरूर हार गईं किंतु उन्होंने अमेठी को नहीं छोड़ा। स्मृति ईरानी के दौरे अमेठी में लगातार चल रहे हैं। अमित शाह के दौरे से एक दिन पहले ही स्मृति ईरानी अमेठी पहुंच गई थीं। भाजपा लगातार अमेठी के विकास के मुद्दे को लेकर राहुल गांधी पर हमले बोल रही है। अमित शाह ने मंगलवार को अमेठी के विकास को लेकर कांग्रेस को कठघरे में खड़ा किया। उन्होंने अमेठी को गांधी-नेहरू परिवार का कुरुक्षेत्र बताते हुए सवाल किया कि तीन पीढिय़ों से यहां विकास क्यों नहीं हुआ। अमेठी की जनता राहुल गांधी से तीन पीढिय़ों का हिसाब मांगती है। उन्होंने राहुल गांधी पर तंज कसा कि हम अगले चुनाव में वोट मांगने आएंगे तो यह नहीं कहेंगे हम ये करेंगे और वो करेंगे, बल्कि जनता को बताएंगे कि हमने यह सब कर दिया है। इसलिए विकास के गांधी-नेहरू मॉडल को छोडक़र मोदी मॉडल का समर्थन कीजिए। दरअसल रायबरेली और अमेठी की सीटें कांग्रेस जरूर जीत गई थी किंतु यह सही है कि कांग्रेस इस समय अपने सबसे बुरे दौर से गुजर रही है। गत विधान सभा चुनाव में राहुल और सोनिया की सीट अमेठी और रायबरेली की दस विधानसभा सीटों में से आठ सीटों पर कांग्रेस चुनाव हार गई थी। यह वह क्षेत्र है जिसकी जमीन देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने तैयार की थी। रायबरेली लोकसभा क्षेत्र की दो विधान सभा सीटों पर कांग्रेस जीत गई किंतु अमेठी की पांच विधानसभा सीटों में कांग्रेस किसी पर नहीं जीत सकी। राहुल गांधी के निर्वाचन क्षेत्र में कांग्रेस जगदीशपुर, गौरीगंज और सलोन में दूसरे नंबर पर रही, जबकि तिलोई में तीसरे नंबर और अमेठी में कांग्रेस चौथे नंबर पर रही। अमेठी और रायबरेली की विधानसभा सीटों पर भाजपा की जीत के बाद अमित शाह ने प्रतिक्रिया व्यक्त की थी कि दस सीटों में से छह सीटों पर हमने बड़े अंतर से जीत हासिल की है, इससे हम बहुत खुश हैं। आज के बाद उत्तर प्रदेश की राजनीति को नई दिशा मिलेगी। साफ है कि मिशन 2019 के लिए रायबरेली और अमेठी सीटें अमित शाह के टारगेट पर हैं। शाह के अमेठी दौरे को इसी रूप में देखा जा रहा है।

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