महिला अपराधों को रोकने के लिए पुलिस व बुद्धिजीवियों ने किया मंथन

यूपी पुलिस की पहल पर आयोजित की गई ‘अस्तित्व के सवाल’ पर कॉन्फ्रेंस
डीजीपी सुलखान सिंह ने किया उद्घाटन, देशभर से आए अधिकारी व बुद्धिजीवी
कई चरणों में विशेषज्ञों ने की चर्चा, समाधान भी सुझाए

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क

लखनऊ। प्रदेश में बढ़ रहे महिला अपराध और घरेलू हिंसा को रोकने और इनके प्रति महिलाओं को जागरूक करने के लिए यूपी पुलिस की तरफ से पहली बार ‘अस्तित्व का सवाल’ विषय पर कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई। इस कांफ्रेस का शुभारंभ डॉयल 100 के सभागार में आज डीजीपी सुलखान सिंह ने किया। कार्यक्रम में देशभर से आए बुद्धिजीवियों ने अपने विचार रखे। वहीं पुलिस की तरफ से सोशल मीडिया पर भी सवाल उठाये गये।
कार्यक्रम में यौन हिंसा, घरेलू हिंसा, डिजिटल माध्यम से उत्पीडऩ एवं मानव तस्करी जैसे कई विषयों पर चर्चा की गई। कार्यक्रम के पहले चरण में यौन शोषण, दूसरे चरण में घरेलू हिंसा, तीसरे चरण में डिजिटल माध्यम से उत्पीडऩ और चौथे चरण में मानव तस्करी पर चर्चा की गई। हर चरण के पैनल की अध्यक्षता विषयों के विशेषज्ञों ने की। इन पैनलों में वरिष्ठ अधिकारी, पुलिस अधिकारी, एनजीओ एवं मीडिया के साथ ही विधि विशेषज्ञ भी शामिल थे। हर पैनल ने समस्याओं पर चर्चा की और उनके समाधान पर विमर्श किया। पैनल के अध्यक्ष ने पैनल द्वारा सुझाये गये उपायों को मुख्य अतिथि के सामने प्रस्तुत किया। वहीं उत्तर प्रदेश पुलिस एवं इण्डियन पुलिस फाउण्डेशन को इस शानदार कॉन्फ्रेंस के आयोजन के लिए सभी लोगों ने बधाई दी।

 

Pin It