तीन बार समय सीमा बढ़ाने के बाद भी पूरा नहीं हुआ काम

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क

लखनऊ। समझौता ज्ञापन रूट यानी एमओयू के तहत निर्धारित समय सीमा में बिजली घर बनाने में असफल रहे निजी घरानों ने और समय दिए जाने के लिए नियामक आयोग का दरवाजा खटखटाया है। जबकि प्रदेश सरकार पूर्व में इन घरानों को बिजली घर बनाने के लिए तीन बार समय सीमा बढ़ा चुकी है। इसके बावजूद बिजली घर बनाने का काम समय से पूरा नहीं हो पाया। ऐसे में आयोग में दाखिल याचिका पर कल की सुनवाई का सबको बेसब्री से इंतजार है। हालांकि राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद ने इन कंपनियों को और समय दिए जाने का विरोध किया है और इस परियोजना को खारिज किए जाने की मांग आयोग से की है।
एमओयू के तहत प्रदेश में लगने वाली नौ में से छह परियोजनाओं के सप्लीमेंटरी पावर परचेज एग्रीमेन्ट (एसपीपीए) की सेवा शर्तों को बढ़ाने के लिये आयोग में चार नवंबर को सार्वजनिक सुनवाई होनी है।

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