सुप्रीम कोर्ट के फैसले से पहले ही बैकफुट पर आयी मोदी सरकार, हटाया राष्ट्रपति शासन

  • लिफाफा खुलने से पहले ही सरकार ने कहा कि हटा रहे हैं राष्ट्रपति  शासन
  • मोदी सरकार नहीं चाहती थी कि सुप्रीम कोर्ट पहले की तरह करे कोई तल्ख टिप्पणी

11 MAY PAGE114पीएम न्यूज़ नेटवर्क
नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट कल उत्तराखंड के फ्लोर टेस्ट के नतीजों का लिफाफा खोलता उससे पहले ही केन्द्र सरकार बैकफुट पर आ गयी। उसने सुप्रीम कोर्ट से कहा कि उत्तराखंड में राष्ट्रपति शासन हटाया जा रहा है। आनन-फानन में कैबिनेट की बैठक बुलाई गई, जिससेराष्ट्रपति को राष्ट्रपतिशासन हटाने की सिफारिश की जा सके। इस पूरी फजीहत के बाद कांग्रेस खेमे में खुशी की लहर है तो भाजपा के नेता सकते की हालत में हैं। भाजपा समझ रही है कि उत्तराखंड में उसने गलत दांव चल दिया और इसका नुकसान आने वाले चुनाव में उत्तराखंड के अलावा यूपी में भी भुगतना होगा।

हालाकि उत्तराखंड में फ्लोर टेस्ट के नतीजे कल ही सबके सामने आ गए थे, मगर तब भी सबकी निगाहें सुप्रीम कोर्ट के आज के फैसले पर टिकी थी। मोदी सरकार जानती थी कि पिछले दिनों अदालत ने उस पर तल्ख टिप्पणी की है। सरकार नहीं चाहती थी कि आज भी सुप्रीम कोर्ट में उसे इसी तरह की तल्ख टिप्पणियों का सामना करना पड़े। इससे बचने का रास्ता ढ़ूंढा गया और तय किया गया कि सुप्रीम कोर्ट लिफाफा खोले उससे पहले ही कह दिया जाए कि उत्तराखंड में राष्टï्रपति शासन हटा दिया गया है। इससे शायद असहज स्थिति से बचा जा सकेगा, जाहिर है कि अब केन्द्र सरकार कोई भी खतरा लेने की स्थिति में नहीं थी।

सुप्रीम कोर्ट को जानकारी देने के बाद आनन-फानन में कैबिनेट की बैठक बुलाई जा रही है। मोदी सरकार के इस तरह से बैकफुट पर आने से कांग्रेस खेमे में खुशी की लहर है। कांग्रेस जानती है कि वह अब इस बात का प्रचार पूरे देश में कर सकेंगी कि किस तरह अरुणाचल के बाद उत्तराखंड में भी भाजपा ने चुनी हुई सरकार को कमजोर करने की कोशिश की।
भाजपा के सामने बड़ी परेशानी यह भी है कि वह कांग्रेस से बगावत करके बाहर हुए विधायकों को अपनी पार्टी में एडजस्ट कैसे करें, क्योंकि वहां विजय बहुगुणा जैसे विधायक भी हैं, जिनके मुख्यमंत्री रहते भाजपा ने उन पर केदारनाथ आपदा में करोड़ों की हेराफेरी करने का आरोप लगाया था।

विजय वर्गीय के हेलीकॉप्टर का हिसाब उन्हीं से पूछो: कोशियारी
पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा के कद्दावर नेता भगत सिंह कोशियारी से एनडीटीवी पर जब पूछा गया कि आखिर प्रदेश के प्रभारी कैलाश विजय वर्गीय चार्टड हेलीकॉप्टर से कैसे आते थे तो उन्होंने झुंझलाते हुए कहा कि उन्हीं से पूछा जाए। उत्तराखंड में दल-बदल के मामले में भाजपा पर लगातार आरोप लग रहे हैं कि उसने सरकार गिराने के लिए भारी
पूंजी का इस्तेमाल किया और चार्टर्ड प्लेन से उसके नेता लगातार आते-जाते रहें।

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