वोट न देने पर फूंकी दलित बस्ती, दो बच्चों की मौत

Captureग्रामीणों ने प्रधान के गुर्गों पर लगाया घटना का आरोप, सीतापुर के देहलिया क्षेत्र का मामला

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
सीतापुर। प्रधानी के चुनाव में वोट न देने पर पूरी दलित बस्ती को जला दिया गया। घटना में दो मासूम बच्चे भी जिंदा जल गए। पीडि़त गांववालों ने इलाके के प्रधान और उसके गुर्गों पर घटना का आरोप लगाया है, जो अभी फरार हैं। इलाके में तनाव है। मामले की गंभीरता को देखते हुए भारी पुलिसफोर्स इलाके में तैनात है।
मामला सीतापुर से करीब 55 किमी दूर लहरपुर के पट्टी देहलिया इलाके का है। गांववालों का आरोप है कि प्रधानी के चुनाव में मौजूदा प्रधान कमलेश वर्मा को वोट नहीं दिया गया था। इसके बावजूद वह चुनाव जीत गया था। इसके बाद से कमलेश देहली पट्टी गांववालों से दुश्मनी मानने लगा। वह अक्सर झूठे केसों में फंसाने की धमकी देता था और अपने गुर्गों के साथ मिलकर इलाके के लोगों को परेशान करता था। ग्रामीणों के मुताबिक, सोमवार देर शाम कमलेश वर्मा ने गांव से सटाकर काफी भारी मात्रा में घूरे का ढेर लगवा दिया। इसी घूरे के ढेर के पास कमलेश का खेत भी है। कमलेश ने अपने खेतों में उस समय आग लगाई, जब तेज हवाएं चल रही थी और उनका रुख गांव की तरफ था। हवा के कारण आग की लपटें इतनी तेज थीं कि पूरी बस्ती जलकर खाक हो गई। लोगों के मना करने के बावजूद कमलेश ने अपने साथियों के साथ मिलकर गांव के बाहरी हिस्से के घरों में खुद आग लगाई और फरार हो गया। आग की लपटों को देख लोग अपनी जान बचाने के लिए भागे। इसी बीच दो मासूम मुकेश (8) और प्रियांशी (4) आग की लपटों में जलकर खाक हो गए। मामले को लेकर एएसपी मनोज कुमार सोनकर का कहना है कि मामला बेहद गंभीर है। करीब 35 घरों को खाक किया गया है। मामले की जांच की जा रही है। ग्रामीणों की ओर से शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।

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