मायावती के ऑपरेशन क्लीन से बहुजन समाज पार्टी में हडक़ंप

  • दो एमएलए, पूर्व एमएलसी समेत चार नेताओं को किया गया बाहर

Capture4पीएम न्यूज़ नेटवर्क

लखनऊ । बसपा सुप्रीमो मायावती ने पार्टी की नीतियों और नियमों की अनदेखी करने वाले नेताओं के खिलाफ ऑपरेशन क्लीन अभियान की शुरूआत कर दी है। इससे पार्टी में हडक़ंप मच गया है। जो नेता विधानसभा चुनाव के मद्देनजर अन्य दलों के संपर्क में हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई शुरू हो गई है। इसमें लखीमपुर के विधायक हरविंदर कुमार साहनी उर्फ रोमी साहनी, मल्लावां सीट से विधायक बृजेश कुमार, लखनऊ से अरविंद त्रिपाठी उर्फ गुड्डू और लखीमपुर के राजेश वाल्मीकि को पार्टी से निकाल दिया है।
मायावती के स्पष्ट निर्देश के बाद आपरेशन क्लीन की शुरुआत की गई है। विधानसभा चुनाव के दौरान पार्टी में बड़ी टूट-फूट ना हो, इसलिए ऐसा किया जा रहा है। दरअसल मायावती को सूचना मिली थी कि पिछले काफी दिनों से बीएसपी के कई विधायक दूसरी पार्टियों के संपर्क में हैं। इसलिए उन्होंने पार्टी नेताओं की गतिविधियों पर नजर रखना शुरू कर दिया। इसी के तहत सोमवार को उन्होंने दो एमएलए और एक पूर्व एमएलसी समेत चार लोगों को पार्टी से निकाल दिया। इसके साथ ही कई अन्य लोगों पर कार्रवाई की तलवार लटकी हुई है। गौरतलब है कि लोकसभा चुनाव में बीएसपी को सबसे ज्यादा नुकसान बीजेपी ने पहुंचाया था। कुछ दलित वोट बैंक खिसक कर बीजेपी की तरफ चला गया था। यही वजह है कि इस बार शुरुआत से ही बीएसपी सबसे ज्यादा बीजेपी से सतर्क है। अपने हर भाषण में मायावती बीजेपी पर सबसे ज्यादा हमलावर हैं। वह अपने कार्यकर्ताओं को भी बीजेपी के हिंदुत्व के एजेंडे से सतर्क रहने की सलाह दे रही हैं। इसी वजह से मायावती पहले भी कई एमएलए और प्रत्याशियों को बाहर का रास्ता दिखा चुकी हैं। पिछले दिनों बीजेपी के संपर्क में चल रहे विधायक राजेश त्रिपाठी और बाला प्रसाद अवस्थी को पार्टी से निकाला गया था। बीजेपी ज्वाइन कर चुके राम भुआल निषाद को भी पार्टी से निकाल दिया गया। पूर्व मंत्री अवध पाल सिंह और माफिया बृजेश सिंह की पत्नी पूर्व एमएलसी अन्नपूर्णा सिंह को भी बीजेपी के संपर्क में होने की वजह से निकाला गया है। इसके अलावा सरोजनीनगर के प्रत्याशी नवीन चंद्र द्विवेदी उर्फ पप्पू द्विवेदी, मोहनलालगंज से प्रत्याशी देवकली और संगीता चौधरी सहित करीब दर्जन भर प्रत्याशियों का टिकट पहले ही कट चुका है।

Pin It