बुक फेयर के आखिरी दिन लोगों में दिखा आध्यात्मिक किताबों का क्रेज

  • मेयर डॉ. दिनेश शर्मा ने किया फोटो प्रदर्शनी का का उद्दघाटन

 4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
captureलखनऊ। राणाप्रताप मार्ग मोतीमहल वाटिका लान में चल रहे चौदहवें राष्ट्रीय पुस्तक मेले का समापन गांधी जयंती के दिन कल शाम महापौर डॉ. दिनेश शर्मा ने किया। दस दिन तक चले पुस्तक मेले में बिकने वाली किताबों पर गौर करें तो पुस्तक खरीदने वालों की एक बड़ी तादाद आध्यात्म-दर्शन और विभिन्न धर्म-सम्प्रदाय, पंथ और ज्योतिष आदि की किताबें खरीदने वालों की रही। रोज सुबह 11 से रात नौ बजे तक चले नि:शुल्क प्रवेश वाले इस मेले में पुस्तक प्रेमियों को हर बार की तरह न्यूनतम 10 फीसदी की छूट पुस्तकों पर मिल रही थी।
कार्यक्रमों के अंतर्गत कल डा. अखिला आनन्द ने फ्रेगरेंस कैण्डिल बनाने आदि का प्रदर्शन लोगों के सम्मुख किया। उन्होंने इन खूबसूरत मोमबत्तियों की खूबियां भी बताई। मेले में कल प्रमुख सचिव सूचना नवनीत सहगल और आईपीएस अधिकारी नवनीत सिकेरा ने छायाकारों की प्रदर्शनी का अवलोकन करने के साथ स्टालों का भ्रमण किया। पुस्तक मेला मंच पर कल ‘होम्योपैथिक औषधि नया दृष्टिकोण’ काव्यात्मक पुस्तक के विमोचन के साथ चर्चा भी चली। उ.प्र.महिला सम्मान प्रकोष्ठ का महिला सुरक्षा के कार्यक्रम में प्रकोष्ठ की सत्या सिंह ने महिला हिंसा के प्रति जागरूक करते हुए बताया कि महानगर स्थित प्रकोष्ठ के कार्यालय में हर बुधवार और शुक्रवार को बहुत ही सहज माहौल में काउंसिलिंग होती है। डॉ. अमिता दुबे के संचालन और सुशीला झा की अध्यक्षता में चले कवयित्री सम्मेलन में आभा खरे, ऋद्धि मेहरोत्रा, ज्योति किरन रतन, कुसुमलता पाण्डेय, रमा जैन, सरिता त्रिपाठी, कैलाश यादव व शीला पाण्डेय आदि ने रचनाएं पढ़ीं। संस्कृति सचिव हरिओम के वाणी प्रकाशन द्वारा प्रकाशित गजल संग्रह ‘ख्वाबों की हंसी’ का विमोचन अनवर जलालपुरी, नरेश सक्सेना, अरुण माहेश्वरी व यतीन्द्र मिश्र की उपस्थिति में हुआ। काव्या संस्था द्वारा आयोजित काव्यगोष्ठी के बाद डॉ.श्रद्धा पाण्डेय की कहानियों पर परिचर्चा चली। स्वास्थ्य कार्यक्रमों में केजीएमयू के प्रो.विनोद जैन ने किडनी से सम्बंधित रोगों की जानकारी विस्तार से दी। बाल-युवा मंच पर क्विज़, इंस्ट्रूमेंट प्ले, पोस्टर मेंकिंग की प्रतियोगिताएं आयोजित कराई गईं।

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