बदबूदार शौचालय में जाने को मजबूर स्कूली बच्चे

डीएम के औचक निरीक्षण में खुली पोल

 4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। जिले में सरकारी स्कूलों की हालत कितनी बदतर है। इस बात की जानकारी हर किसी को है लेकिन उसमें सुधार करने का काम तभी होता है, जब उच्चाधिकारी स्कूलों का निरीक्षण करते हैं। इसीलिए जिलाधिकारी के औचक निरीक्षण में बीकेटी स्थित मल्लाहन खेड़ा प्राइमरी स्कूल की बदहाली का सच सामने आने के बाद स्कूल प्रशासन सक्रिय हो गया है। वह स्कूल की बदहाल स्थिति को सुधारने में जुट गया है।
जिलाधिकारी राजशेखर मंगलवार को अचानक मल्हान खेड़ा प्राइमरी स्कूल पहुंच गये। वहां उपस्थिति रजिस्टर देखने पर मालूम हुआ कि चार शिक्षक अनुपस्थित हैं। उन्होंने तत्काल अनुपस्थित शिक्षकों का वेतन रोकने का निर्देश दिया। इसके बाद मध्यान्ह भोजन की नियमितता और गुणवत्ता के बारे में जानकारी ली। उन्होंने स्कूली बच्चों को डे्रस, किताबें और छात्रवृत्ति मिलने की बात पूछी तो बच्चों ेने बताया कि किताबें, ड्रेस और छात्रवृत्ति मिलती है। जिलाधिकारी ने स्कूल का शौचालय देखा तो वह बहुत ही खराब स्थिति में मिला। इस पर डीएम भडक़ गये और उन्होंने तत्काल संबंधित अधिकारियों को शौचालय ठीक कराने का निर्देश दिया। इसमें जिला पंचायत राज अधिकारी, खण्ड विकास अधिकारी और ग्राम प्रधान को 15 दिन में मरम्मत का काम पूरा करने और 29 फरवरी तक शौचालय में स्वच्छ जल की उपलब्धता सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया। इसके बाद उन्होंने देखा कि स्कूल की बाउण्ड्री का एक हिस्सा गायब है और स्कूल में बिजली भी नहीं है, जिसकी वजह से बच्चों को अंधेरे में पढऩा पड़ता है। इसके लिए जिलाधिकारी ने क्रिटिकल फ ण्ड से एक लाख रूपये स्वीकृत कर बिजली लगवाने और बाउंड्री बनवाने के निर्देश दिये हैं।

Pin It