केजीएमयू में तीन वर्षों में बिना सर्जरी मर गये 18 मरीज

4पीएम न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। एक तरफ जहां प्रदेश की सपा सरकार गरीब लोगों के लिए कोई कमी नहीं छोड़ रही है, वहीं किंग जार्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय में चिकित्सकों की उदासीनता से मरीज दम तोड़ रहे हैं। इस बात का खुलासा केजीएमयू के ऑडिट में हुआ है। कार्डियक विभाग में तीन वर्षो के दौरान 18 गरीब मरीज हार्ट की सर्जरी समय पर न होने से मर गये है।
ऑडिट में इसका खुलासा हुआ तो केजीएमयू प्रशासन ने जांच के लिए पांच सदस्यीय कमेटी गठित कर दी। विभाग में गरीब (बीपीएल) मरीजों की दवाएं कबाड़ की तरह बाक्सों में रखी मिली है। यहां पर घोटाला का खेल भी देखने को मिला 60 हार्ट वाल्व की खरीद होने के बाद भी मरीजों को दवाओं के साथ मिला है। ऑडिट में खुलासे के भय से लगभग35 लाख की कीमत के 60 वाल्व बैक डेट में विभाग में भेज दिये गये है। दवा से लेकर उपकरण तक की खरीद में कमियां पायी जा रही हैं। खरीद के पेपर गायब हैं, तो कही कागजों में हेरफेर कर दी गयी है।

इस मामले में दोषी पाये जाने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी लेकिन रिपोर्ट सार्वजनिक करना गंभीर मामला

डॉ.एससी तिवारी, सीएमएस केजीएमयू

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